कोदो-कुटकी के छोटे दाने को देखकर उसकी पूरी खाद्य कहानी का अंदाज़ा नहीं होता। खेत से आने के बाद उसे साफ करना पड़ता है, कंकड़ अलग करने होते हैं और बाहरी आवरण हटाना होता है। डिंडौरी की सरकारी जिला निर्यात कार्ययोजना कोदो और कुटकी को दो अलग अनाज बताती है, जिनका उपयोग चावल की तरह भी किया जा सकता है।
कार्ययोजना में जिले के बैगा और गोंड समुदायों द्वारा पहाड़ी ढलानों पर इनकी खेती का उल्लेख है। चावल से तुलना खाने के तरीके की है; कोदो और कुटकी धान नहीं हैं। उन्हें रोज़ की थाली तक पहुंचाने में खेत के साथ प्रसंस्करण, यानी खाने लायक बनाने की तैयारी, की भी भूमिका है।
कंकड़ और छिलका अलग करने का काम
नीति आयोग की अप्रैल 2023 की रिपोर्ट मंडला और डिंडौरी के अनुभव को दर्ज करती है। उसमें किसानों के सामने अनाज से पत्थर अलग करने की समस्या बताई गई है। छिलका उतरने के बाद भी बचे कंकड़ों को हाथ से चुनना पड़ता था। मशीनों की जरूरत इसलिए केवल उत्पादन बढ़ाने की बात नहीं थी; वह खाने की तैयारी में लगने वाले श्रम से भी जुड़ी थी।
रिपोर्ट मंडला में कृषि विभाग की मदद से बीस छिलका उतारने वाली मशीनें स्थापित किए जाने का उल्लेख करती है। यह 2023 में प्रकाशित स्थिति है। इससे सितंबर 2026 में हर मशीन के चालू होने का निष्कर्ष नहीं निकाला जा सकता, लेकिन उस दौर की बाधा और उसे दूर करने का तरीका समझ आता है।
दाने के कई खाने वाले रूप
इसी रिपोर्ट में डिंडौरी और मंडला की आंगनवाड़ी व्यवस्था से जुड़े कोदो नमकीन और कुकी के प्रयोग दर्ज हैं। डिंडौरी के करंजिया और मेहंदवानी में चयनित परियोजनाओं के पायलट में महिला स्वयं-सहायता समूह कोदो-खिचड़ी और मक्का-खिचड़ी वाला घर ले जाने का राशन तैयार कर रहे थे। बार और दूसरे नाश्तों का उल्लेख भी मिलता है।
रिपोर्ट विभाग की 71 मिलेट विधियों वाली पुस्तिका की बात करती है। इन उदाहरणों में अनाज को एक ही पुराने रूप में बांधने के बजाय परिचित भोजन में कई रास्ते दिए गए। कोदो-कुटकी की स्थानीय कहानी इसी काम से समृद्ध होती है: खेती बची रहे, दाना साफ हो सके और रसोई उसे इस्तेमाल कर सके।
मुख्य बातें
- डिंडौरी के निर्यात कार्ययोजना दस्तावेज़ में कोदो और कुटकी दो अलग छोटे अनाज हैं।
- नीति आयोग की अप्रैल 2023 रिपोर्ट में सफाई और छिलका उतारने की मशीनों की जरूरत दर्ज है।
- रिपोर्ट खिचड़ी, नमकीन, कुकी और बार के प्रयोग बताती है; ये उसी अवधि के कार्यक्रम-विवरण हैं।
स्रोत और संदर्भ
- नीति आयोग · Promoting Millets in Diets: Best Practices across States/UTs of India ↗6 अप्रैल 2023
- DGFT / District Export Hub · District Export Action Plan: Dindori ↗प्रकाशन-तिथि उपलब्ध नहीं
सार्वजनिक प्राथमिक स्रोतों पर आधारित संपादित लेख। स्रोत जाँच: 15 सितंबर 2026।



